Pheriwala Hindi Essay Street Hawker Nibandh 250 words

सड़क का फेरीवाला
गांव का फेरीवाला
शहर का फेरीवाला

फेरी वालों को हम आम तौर पर छोटे और बड़े शहरों में देख सकते हैं फेरी वाले ज्यादातर सड़कों पर कुछ ना कुछ खाने की चीजें इत्यादि बेचते हुए दिख जाते हैं फेरीवाले छोटी मोटी चीजें बेच कर अपना धन कमाते हैं सड़क का फेरीवाला एक गरीब आदमी होता है उसे पूरा दिन मेहनत करके दो वक्त की रोटी कमाने पड़ती है वह ज्यादातर गंदे कपड़े पहनता है वह अपनी आवाज से चिल्ला चिल्ला कर अपनी चीजें बेचता है
रामू भी एक ऐसा ही फेरीवाला है जो हमारी गली में रोज सुबह तथा शाम को आता है वह अपने साथ चौकियां बिस्किट मूंगफली खिलौने तथा सीरियल आता है जैसे ही बच्चे उसकी आवाज सुनते हैं वे अपने घरों से निकल कर आते हैं ताकि मैं कुछ ना कुछ अपनी पसंद का खरीद सके
रामू बच्चों में बहुत प्रचलित है वह ईमानदार भी है तथा कभी उनसे धोखा नहीं करता वह कभी-कभी उन्हें छोटी-छोटी कहानियां भी सुनाता है तथा हंसाता भी है
वह हमारे गांव की सभी मुख्य जगह पर जाता है उसे हम ज्यादातर स्कूल के गेट के बाहर खड़ा देखते हैं मध्यांतर के समय बच्चे उसकी तरफ आकर्षित होते हैं ताकि वह अपने लिए कुछ ना कुछ नया खरीद सके वह किसी को उधार नहीं देता ना ही कभी कम चलता है वह छोटे बच्चों के प्रति सहानुभूति रखता है
वह अच्छी गुणवत्ता की चीजें रखता है तथा उनके मुनासिब पैसे लेता है हमारे गांव के लोग उसके मीठे बोलने से बहुत प्रसन्न है
रामू अच्छा गाता भी है जब भी इसे समय मिलता है वह मधुर गीत सुनाता है