Mary Kom Biography मैरी कॉम

मैरी कॉम का पूरा नाम मैंगते चंग्नेइजैंग मैरी कॉम है । ये भारत की पहेली महिला मुकेबाज (बॉक्सर) है ।

इनका जन्म १ मार्च १९८३ में कांगथेई मणिपुर में हुआ । इनके माता पिता एक गरीब किसान थे और इनके ४ भाई बहन थे। ये स्कूल जाने क साथ- साथ अपने छोटे भाई बहनो का धयान भी रखती थी और अपने माता पिता के साथ खेतो में काम भी करती थी ।

 

बचपन से ही मैरी कॉम की रूचि एथलेटिक्स में थी । बॉक्सिंग में इनका आकर्षण तब हुआ जब इन्होने कुछ लड़कियों को लड़को के साथ मुक्केबाजी के दावं पेच लगते देखा । माता पिता के विरोध करने के वावजूद भी मैरी इम्फाल गई और कोच नरजीत सिंह ने मणिपुर स्टेट बॉक्सिंग में उन्हें प्रशिक्षण दिय।

 

मैरी कॉम के करियर की शुरआत २००० में राज्य स्तर महिला मुक्केबाजी मणिपुर में प्रथम स्थान पाने से हुई । मैरी कॉम पांच बार ‍विश्व मुक्केबाजी प्रतियोगिता की विजेता रह चुकी हैं। मैरी कॉम कई पुरुस्कारो से सम्मानित है । २००६ में उन्हें पदमश्री पुरुस्कार से सम्मानित किया गया । २९ जुलाई २००९ में इन्हे  भारत के सर्वोच्च खेल सम्मान राजीव गाँधी खेल रत्न पुरस्कार के लिए चुना गया। हाल ही में २०१४ में एशियाई ओलिंपिक प्रतियोगिता में मैरी कॉम ने स्वर्ण पदक जीता।

 

२०१४  में मैरी कॉम के जीवन के ऊपर एक फिल्म बनाई गई जिसमे प्रियंका चोप्रा ने अहम भूमिका निभाई ।